टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस सहित तीन नई रेल सेवाओं का विस्तार

पांच राज्यों के बीच मजबूत हुआ रेल नेटवर्क
देहरादून/ बरेली,उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के बीच रेल संपर्क को और अधिक बेहतर बनाने के लिए छह जुलाई, दो हजार छब्बीस को एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह, केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद और केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा ने टनकपुर, नांदेड और पीलीभीत स्टेशनों से टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस, नांदेड-मुंबई एक्सप्रेस तथा टनकपुर-पीलीभीत ट्रेन सेवा का शाहजहाँपुर तक विस्तार का शुभारंभ हरी झंडी दिखाकर किया।
समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि नांदेड के धार्मिक महत्व और जन भावनाओं को देखते हुए टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस एवं नांदेड-मुंबई एक्सप्रेस ट्रेनों के परिचालन को स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके साथ ही टनकपुर-पीलीभीत ट्रेन सेवा का शाहजहाँपुर तक विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि भारतीय रेल में बदलाव का कार्य तेजी से चल रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रेलवे पर विशेष ध्यान दिया है और प्रत्येक राज्य को पहले से कई गुना अधिक बजट आवंटित किया जा रहा है। पिछले बारह वर्षों में सैंतीस हजार किलोमीटर नए ट्रैक बनाए गए हैं और निन्यानवे दशमलव छह प्रतिशत विद्युतीकरण का कार्य पूरा हो चुका है, शेष कार्य भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि बुलेट ट्रेन परियोजना पर कार्य तेजी से चल रहा है और अगले वर्ष बुलेट ट्रेन चालू हो जाएगी। पूर्वी और पश्चिमी कॉरिडोर का कार्य पूर्ण हो चुका है और अब इन्हें आपस में जोड़ने के लिए कार्य किया जाएगा। रेलमंत्री ने स्पष्ट किया कि भारतीय रेल गरीबों और मध्यम वर्ग की सवारी है, इसलिए किफायती सेवा पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सामान्य द्वितीय श्रेणी के बारह हजार नए कोचों का निर्माण किया जा रहा है, जिनमें से चार हजार कोच ट्रेनों में लगाए जा चुके हैं।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस और टनकपुर-पीलीभीत ट्रेन सेवा के शाहजहाँपुर तक विस्तार के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि आज का दिन उत्तराखंड, विशेष रूप से कुमाऊं क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक है। टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस का शुभारंभ केवल एक ट्रेन की शुरुआत नहीं है, बल्कि यह उत्तर और दक्षिण भारत के बीच आस्था, विकास, पर्यटन और सांस्कृतिक एकता का एक सशक्त सेतु है। टनकपुर कुमाऊं क्षेत्र का प्रवेश द्वार है, जहां से पूर्णागिरि मंदिर और आदिकैलाश के लिए मार्ग जाता है। यहां की जनता की काफी दिनों से मांग थी कि मध्य एवं दक्षिण भारत के लिए ट्रेन चलाई जाए। इस ट्रेन के चलने से महाराष्ट्र से उत्तराखंड आने वाले यात्रियों को काफी सुविधा होगी और उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों को नया बाजार मिलेगा। मुख्यमंत्री धामी ने यह भी बताया कि ऋषिकेश-कर्णप्रयाग नई रेल लाइन परियोजना पर तेजी से कार्य चल रहा है और विकसित भारत के संकल्प के तहत उत्तराखंड में अमृत भारत स्टेशनों का पुनर्विकास कर उन्नत यात्री सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नांदेड-मुंबई एक्सप्रेस के संचालन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि मुंबई से पवित्र नगरी नांदेड जाने के लिए एक्सप्रेस ट्रेन की अतिरिक्त सुविधा उपलब्ध हो गई है। इससे क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन के साथ व्यावसायिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। इसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को धन्यवाद दिया।
टनकपुर में समारोह को संबोधित करते हुए रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह ने नई रेल सेवाओं के विस्तार पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में गुरु नानकदेव जी और गुरु हरगोविन्द सिंह जी आए थे, और अब यहां के लोग सीधे दसवें गुरु, गुरु गोविन्द सिंह की पवित्र धरती नांदेड पहुंच सकेंगे। टनकपुर-नांदेड और नांदेड-मुंबई एक्सप्रेस के चलने से सिख श्रद्धालुओं सहित पूरे क्षेत्र की बहुप्रतीक्षित मांग पूरी हुई है।
केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा ने कहा कि टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस और टनकपुर-पीलीभीत ट्रेन सेवा का शाहजहाँपुर तक विस्तार क्षेत्रीय जनता के लिए बहुत बड़ी सौगात है। उन्होंने बताया कि टनकपुर रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास कर यहां उन्नत यात्री सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
पीलीभीत में आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग, इलेक्ट्रॉनिक एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने कहा कि टनकपुर-पीलीभीत सवारी गाड़ी के शाहजहाँपुर तक विस्तार और टनकपुर-नांदेड एक्सप्रेस के संचालन से पीलीभीत क्षेत्र के सिख श्रद्धालुओं सहित सभी वर्ग के लोगों को सीधी ट्रेन की सुविधा मिल गई है। इससे पीलीभीत टाइगर रिजर्व आने वाले पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होगी, जिससे स्थानीय जनता को रोजगार मिलेगा। उन्होंने पीलीभीत क्षेत्र को मिनी पंजाब बताते हुए यहां से स्वर्ण मंदिर अमृतसर जाने के लिए भी एक ट्रेन की आवश्यकता पर रेल मंत्री का ध्यान आकर्षित किया।
समारोह में पीलीभीत के सांसद मिथलेश कुमार तथा नांदेड स्टेशन पर आयोजित समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने इस रेल विस्तार पर प्रसन्नता व्यक्त की। टनकपुर में अतिथियों का स्वागत पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक उदय बोरवणकर तथा पीलीभीत में अपर मंडल रेल प्रबंधक, इज्जतनगर द्वारा किया गया।



